परोई में गाजे-बाजे के साथ निकली भव्य कलश यात्रा, सात दिवसीय श्री श्री शतचंडी महायज्ञ का हुआ शुभारंभ
परोई (ख़ेसरहा), सिद्धार्थनगर। परोई गांव में सात दिवसीय श्री श्री शतचंडी महायज्ञ का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा के साथ हुआ। गाजे-बाजे और जयघोष के बीच निकली यह कलश यात्रा पूरे गांव का भ्रमण करते हुए भुवही घाट पहुंची, जहां श्रद्धालुओं ने पवित्र राप्ती नदी से जल भरकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।
भुवही घाट पर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच जल भराई
भुवही घाट पर पंडितों के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच महिलाओं और बच्चों ने श्रद्धा भाव से कलश में जल भरा। इसके बाद महिलाएं और बच्चे सिर पर कलश रखकर पुनः ग्राम परोई की ओर प्रस्थान किए। पूरे मार्ग में “जय माता दी” और धार्मिक भजनों से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
सात दिनों तक चलेगा धार्मिक अनुष्ठान
आयोजकों के अनुसार, यह श्री श्री शतचंडी महायज्ञ सात दिनों तक चलेगा। प्रतिदिन प्रातःकाल यज्ञ और पूजन का कार्यक्रम होगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाग लेंगे।
दिन में कथा, रात में रामलीला का मंचन
महायज्ञ के दौरान प्रतिदिन दिन में पंडित हेमंत तिवारी जी द्वारा धार्मिक कथा का वाचन किया जाएगा, जिसमें देवी महिमा और सनातन धर्म के महत्व पर प्रकाश डाला जाएगा।
वहीं रात्रि में भव्य रामलीला का मंचन होगा, जिससे क्षेत्र का धार्मिक वातावरण और अधिक सजीव हो उठेगा।
सामाजिक एकता और आस्था का संगम
ग्रामीणों का कहना है कि इस प्रकार के धार्मिक आयोजन से न केवल आध्यात्मिक वातावरण बनता है, बल्कि सामाजिक समरसता और एकता भी मजबूत होती है। सात दिवसीय इस महायज्ञ को लेकर गांव और आसपास के क्षेत्रों में विशेष उत्साह देखा जा रहा है।
इस अवसर पर ग्राम प्रधान सुरेंद्र पांडेय, आनंद पाण्डेय, कमलेश्वर पांडेय, हिमांशु पांडेय, बबलू पाण्डेय, रणजीत सिंह, भोला सिंह , परमहंस पाण्डेय, राजकुमार पाण्डेय तथा अन्य ग्रामीण शामिल रहें।
सत्यपाल सिंह कौशिक को कंटेंट लेखन, स्क्रिप्ट लेखन का लंबा अनुभव है। वर्तमान में कौशिक जी FT NEWS DIGITAL में डिजिटल मीडिया सह- संपादक के पद पर कार्यरत हैं।
