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सूना मकान बना चोरों का निशाना, पांच Thieves Loot Jewelry Worth ₹5 Lakh from Locked House in Bansi के जेवरात समेट ले गए बदमाश

Uttar Pradesh janpad Siddharthnagar

बांसी। दो माह से बंद पड़े मकान को चोरों ने अपना निशाना बना लिया। परिवार के सूरत में रहने के दौरान अज्ञात बदमाशों ने घर का ताला तोड़कर भीतर प्रवेश किया और आलमारी में रखे लाखों रुपये मूल्य के जेवरात पार कर दिए। घटना की सटीक तिथि स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
क्या है मामला?
खेसरहा थाना क्षेत्र के ग्राम बरगदवा सोयम निवासी एक व्यक्ति बीते दिसंबर में परिवार सहित सूरत चले गए थे। इस दौरान उनका घर बंद पड़ा था। हाल ही में लौटने पर मकान के भीतर सामान बिखरा मिला और आलमारी का लॉक टूटा हुआ पाया गया।
परिजनों के अनुसार, घर से मंगलसूत्र, सोने के हार, झुमके, चूड़ियां, अंगूठी, मांगटीका सहित अन्य आभूषण गायब मिले। अनुमानित कीमत लगभग पांच लाख रुपये बताई जा रही है।
पुलिस की कार्रवाई
पीड़ित की तहरीर पर थाना पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और संदिग्धों की तलाश की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
क्षेत्र में दहशत
लगातार सूने मकानों को निशाना बनाए जाने की घटनाओं से स्थानीय लोगों में चिंता का माहौल है। पुलिस ने लोगों से सतर्क रहने और घर खाली छोड़ते समय पड़ोसियों को सूचना देने की अपील की है।

नाली विवाद बना खूनी संग्राम, अधिवक्ता की पीट-पीटकर हत्या से दहला बांसगांव

गोरखपुर (बांसगांव)। नाली के पानी की निकासी को लेकर शुरू हुआ मामूली विवाद शुक्रवार सुबह खूनी संघर्ष में बदल गया। बांसगांव कस्बे के वार्ड नंबर नौ में दो पक्षों के बीच हुई हिंसक झड़प में अधिवक्ता अग्निवेश सिंह की कथित तौर पर लोहे की रॉड और धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी गई। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव व्याप्त हो गया है।
क्या है पूरा घटनाक्रम?
स्थानीय लोगों के अनुसार, एक पक्ष अपने घर की नाली का पानी मुख्य नाले में बहाने के लिए पाइप डाल रहा था। इसी दौरान रास्ते को लेकर विवाद शुरू हुआ, जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गया। आरोप है कि विवाद के दौरान एक पक्ष ने अधिवक्ता अग्निवेश सिंह पर रॉड, धारदार हथियार और लाठी-डंडों से हमला कर दिया।
बचाव में पहुंचे परिवार के अन्य सदस्यों के साथ भी मारपीट की बात सामने आई है। झड़प में दूसरे पक्ष का एक युवक भी घायल हुआ है, जिसका उपचार चल रहा है।
पुलिस की कार्रवाई
परिजनों की तहरीर पर बांसगांव थाना पुलिस ने पांच नामजद लोगों के विरुद्ध हत्या व मारपीट समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया।
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। एहतियातन क्षेत्र में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
शोक में डूबा इलाका
घटना के बाद परिवार और मोहल्ले में गहरा शोक है। अंतिम संस्कार स्थानीय नदी तट पर संपन्न हुआ।

गोरखपुर में शिक्षक आत्महत्या प्रकरण: सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक गिरफ्तार, भ्रष्टाचार व साजिश की धाराएं बढ़ीं

गोरखपुर। गुलरिहा थाना क्षेत्र में सहायक अध्यापक कृष्ण मोहन सिंह की आत्महत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर मुकदमे में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और आपराधिक साजिश से जुड़ी धाराएं भी जोड़ी गई हैं। मामले की विवेचना अब क्षेत्राधिकारी गोरखनाथ को सौंपी गई है।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के मुताबिक, 37 वर्षीय कृष्ण मोहन सिंह मूल रूप से कुशीनगर जिले के हरैया बुजुर्ग के निवासी थे और वर्तमान में गुलरिहा क्षेत्र के शिवपुर सहबाजगंज में परिवार के साथ रह रहे थे। वे देवरिया जनपद के गौरीबाजार स्थित एक लघु माध्यमिक विद्यालय में सहायक अध्यापक के पद पर तैनात थे।
बताया जाता है कि 21 फरवरी की रात उन्होंने फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। परिजनों के अनुसार, उन्होंने चार पन्नों का एक सुसाइड नोट छोड़ा था, जिसमें कुछ अधिकारियों और कर्मचारियों पर आर्थिक लेन-देन और मानसिक उत्पीड़न के आरोप लगाए गए थे।
जांच में क्या सामने आया?
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, मृतक की पत्नी की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। पूछताछ और डिजिटल साक्ष्यों (मोबाइल कॉल डिटेल व चैट) के आधार पर यह तथ्य सामने आया कि सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक ने कथित रूप से कुछ शिक्षकों का परिचय बेसिक शिक्षा विभाग कार्यालय के एक लिपिक से कराया था और कथित तौर पर धनराशि तय कराने में मध्यस्थ की भूमिका निभाई थी।
दो अन्य शिक्षकों से पूछताछ के बाद पुलिस को लेन-देन से जुड़े महत्वपूर्ण इनपुट मिले। इसके बाद आरोपित सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
अन्य आरोपितों की तलाश
पुलिस के अनुसार, मामले में नामजद अन्य संबंधित व्यक्तियों की तलाश जारी है। विभिन्न जनपदों में संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। संबंधित विभागीय अधिकारियों के विरुद्ध भी विभागीय कार्रवाई की प्रक्रिया चल रही है।
पुलिस का आधिकारिक बयान
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जांच साक्ष्यों के आधार पर आगे बढ़ाई जा रही है। जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी के अनुसार विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थनगर ने त्योहारों को देखते हुए किया पैदल मार्च

शिवशरणप्पा जीएन जिलाधिकारी सिद्धार्थनगर व डॉ0 अभिषेक महाजन वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद सिद्धार्थनगर द्वारा आज दिनांक 27.02.2026 को आगामी त्यौहार होली व रमजान माह ईंद-उल-फितर के दृष्टिगत व शांति व्यवस्था बनाये रखने हेतु थाना डुमरियागंज पुलिस के साथ कस्बा डुमरियागंज मे पैदल गश्त/रुट मार्च किया गया तथा आम जनमानस को सुरक्षा का एहसास कराया गया तथा शान्ति व्यवस्था बनाये रखने हेतु सम्बन्धित को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया गया । इस दौरान क्षेत्राधिकारी डुमरियागंज व प्रभारी निरीक्षक डुमरियागंज सहित अन्य अधिकारी/कर्मचारीगण मौजूद रहें ।

डुमरियागंज में सामूहिक विवाह समारोह आयोजित

सिद्धार्थनगर। जिले के डुमरियागंज तहसील स्थित मंगल भवन में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि सांसद जगदंबिकापाल,पूर्व विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह विधायक सैयदा खातून, जिला अधिकारी शिवरणप्पा जीएन,  पुलिस अधीक्षक अभिषेक महाजन, मुख्य विकास अधिकारी बलराम सिंह ने शिरकत की और शादी के बंधन में बंधे नव जोड़ों को आशीर्वाद दिया। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत आज जनपद के डुमरियागंज तहसील क्षेत्र में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में 205 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ। जिसमें हिंदू , बौद्ध और मुस्लिम जोड़ों का उनके रीति रिवाज के साथ विवाह संपन्न कराया गया। इस दौरान जिला अधिकारी शिवशरणप्पा जीएन , पुलिस अधीक्षक अभिषेक महाजन, मुख्य विकास अधिकारी बलराम सिंह, समाज कल्याण अधिकारी सहित जिले के आला अधिकारी मौजूद रहे। वहीं मीडिया से बात करते हुए सांसद जगदंबिका पाल व पूर्व भाजपा विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह का आयोजन आज डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के हिंदू भवन पर किया गया है जिसमें सभी समुदाय के 205 जोड़े का विवाह संपन्न कराया गया है । इस कार्यक्रम में हम सभी लोगों ने विवाह में पहुंच कर वर वधू को आशीर्वाद दिया। उन्होंने बताया कि प्रशासन द्वारा डीबीटी के मध्यम से 60000 रूपए व 25000 रूपये का सामान उपहार में दिया है गया है।

वही जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आज यहा मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह का आयोजन किया गया है। जिसमे करीब 205जोड़ो की शादी यह सम्पन्न हुई संबंधी नव जोड़ों को जिला प्रशासन की तरह से ढेरो शुभकामनाएं

मारपीट व जातिसूचक टिप्पणी का आरोप, पुलिस ने दोनों पक्षों पर की 151 की कार्रवाई

सिद्धार्थनगर (खेसरहा)
जनपद सिद्धार्थनगर के खेसरहा थाना क्षेत्र के ग्राम टिकुइंया में मारपीट और अभद्र टिप्पणी के आरोपों को लेकर मामला सामने आया है। पीड़िता प्रभावती पत्नी स्वर्गीय श्यामरथी ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर प्रार्थना पत्र देकर न्याय की मांग की है।
प्रार्थना पत्र के अनुसार, पीड़िता ने गांव के कुछ लोगों पर आरोप लगाया है कि वे कथित रूप से एक राय होकर उनके घर पहुंचे और शाम लगभग 5:30 बजे मारपीट की। महिला का यह भी आरोप है कि घटना के दौरान जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया गया तथा थाने जाने पर जान से मारने की धमकी दी गई।


घटना के बाद पीड़िता द्वारा एम्बुलेंस की सहायता से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खेसरहा में उपचार कराए जाने की बात कही गई है। प्रार्थना पत्र में यह भी उल्लेख है कि जब वह रात में थाना पहुंची तो उन्हें अगले दिन आने को कहा गया।
इस संबंध में जब रिपोर्टर द्वारा थाना प्रभारी खेसरहा अनूप कुमार मिश्रा से संपर्क किया गया तो उन्होंने बताया कि मामले में लिखित सूचना प्राप्त होने पर दोनों पक्षों के विरुद्ध शांति भंग की आशंका में धारा 151 के तहत कार्रवाई की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रकरण की जांच की जा रही है और जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है और किसी भी पक्ष के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
फिलहाल मामला जांचाधीन है। आधिकारिक जांच रिपोर्ट के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
FT News Digital किसी भी पक्ष के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता, बल्कि संबंधित पक्षों के बयानों को तथ्यों के रूप में प्रस्तुत कर रहा है।

पार्किंग विवाद में इंटर छात्र की मौत, परीक्षा केंद्र बना रणभूमि

गोरखपुर: परीक्षा के बाद हिंसा, ईंट से वार में छात्र की मौत
जनपद गोरखपुर के एक इंटर कॉलेज परिसर में बुधवार को परीक्षा के बाद हुई मारपीट ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। साइकिल खड़ी करने को लेकर शुरू हुआ मामूली विवाद इतना बढ़ गया कि एक छात्र को सिर पर ईंट से गंभीर चोट लगी और बाद में इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।
यह घटना शहर के चर्चित शिक्षण संस्थान दुनमुन दास बालमुकुंद दास इंटर कालेज (डीबी इंटर कॉलेज) में हुई, जहां रसायन विज्ञान की परीक्षा संपन्न होने के बाद छात्र पार्किंग क्षेत्र में पहुंचे थे।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, परीक्षा समाप्त होने के बाद पार्किंग में साइकिल खड़ी करने को लेकर दो छात्रों के बीच कहासुनी हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पहले मामूली धक्का-मुक्की हुई, लेकिन बाद में मामला दोबारा भड़क गया। इसी दौरान एक छात्र ने ईंट उठाकर दूसरे छात्र के सिर पर वार कर दिया।
घायल छात्र को तत्काल निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां से हालत गंभीर देखते हुए उसे मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। बाद में परिजन बेहतर इलाज के लिए लखनऊ ले गए, जहां देर रात उसकी मौत हो गई।
आरोपी छात्र गिरफ्तार
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस सक्रिय हुई। कोतवाली थाना पुलिस ने पीड़ित पक्ष की तहरीर पर पहले मारपीट और जानलेवा हमले की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। छात्र की मृत्यु के बाद मामले में हत्या की धारा जोड़ते हुए आरोपित छात्र को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों छात्र एक-दूसरे को पहले से नहीं जानते थे और विवाद अचानक पार्किंग में शुरू हुआ।
परिवार में मातम, स्कूल परिसर में सन्नाटा
मृतक छात्र के परिवार में गहरा शोक व्याप्त है। घटना के बाद से स्कूल परिसर और आसपास के क्षेत्र में भी तनावपूर्ण शांति देखी गई। पुलिस ने एहतियातन क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है।
पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बड़ा सवाल: क्या स्कूल परिसरों में सुरक्षा पर्याप्त है?
परीक्षा केंद्र जैसे संवेदनशील स्थान पर इस तरह की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि परीक्षा के दौरान और बाद में भी पर्याप्त निगरानी और अनुशासन जरूरी है, ताकि छोटी कहासुनी बड़ी वारदात में न बदले।

सिद्धार्थनगर को मिला नया नेतृत्व: दीपक मौर्य बने भाजपा जिलाध्यक्ष


सिद्धार्थनगर, 26 फरवरी 2026।
भारतीय जनता पार्टी द्वारा संगठन पर्व 2024 के अंतर्गत जारी सूची में गोरखपुर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सिद्धार्थनगर जिले के लिए श्री दीपक मौर्य को नया जिलाध्यक्ष घोषित किया गया है। इस घोषणा के बाद जिले की राजनीतिक गतिविधियों में हलचल तेज हो गई है और पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।
संगठन को नई दिशा देने की जिम्मेदारी
पार्टी के आधिकारिक पत्र के अनुसार यह नियुक्ति संगठन को जमीनी स्तर पर और मजबूत करने के उद्देश्य से की गई है। श्री दीपक मौर्य को संगठनात्मक अनुभव और कार्यकर्ताओं के बीच सक्रिय भूमिका के कारण यह जिम्मेदारी सौंपी गई है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सिद्धार्थनगर जैसे सीमावर्ती और संवेदनशील जिले में संगठन की मजबूती पार्टी की प्राथमिकता रही है। ऐसे में नया नेतृत्व आगामी चुनावी रणनीति और बूथ स्तर तक सक्रियता बढ़ाने में अहम भूमिका निभा सकता है।
सामाजिक संतुलन का संदेश
सूची में विभिन्न सामाजिक वर्गों को प्रतिनिधित्व दिया गया है।  दीपक मौर्य की नियुक्ति को भी इसी सामाजिक संतुलन की रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है। इससे पार्टी ने जिले में व्यापक सामाजिक भागीदारी का संदेश देने की कोशिश की है।
जिले के लिए क्या होंगे प्राथमिक मुद्दे?
सिद्धार्थनगर की स्थानीय चुनौतियों में—
सीमा क्षेत्र से जुड़े विकास कार्य
सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा की सुविधाएं
युवाओं के लिए रोजगार के अवसर
किसान और व्यापारी वर्ग की समस्याएं
इन मुद्दों पर नए जिलाध्यक्ष की भूमिका महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हालांकि, आधिकारिक तौर पर उनकी प्राथमिकताओं की विस्तृत घोषणा अभी सामने नहीं आई है।
आधिकारिक पुष्टि के आधार पर खबर
यह समाचार पार्टी द्वारा जारी आधिकारिक सूची पर आधारित है। चैनल स्वतंत्र रूप से किसी दावे या राजनीतिक टिप्पणी की पुष्टि नहीं करता। आगे की रणनीति और कार्यक्रमों की जानकारी संबंधित अधिकृत मंचों से ही स्पष्ट होगी।

भाजपा ने सिद्धार्थनगर सहित 11 जिलाध्यक्षों की घोषणा की, देखिए पूरी लिस्ट

BJP: भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने आज सिद्धार्थनगर सहित 11 जिलाध्यक्षों की घोषणा कर दी है।

दीपक मौर्या बने सिद्धार्थनगर जिलाध्यक्ष

भाजपा के जिला उपाध्यक्ष दीपक मौर्या को भाजपा ने सिद्धार्थनगर का नया जिलाध्यक्ष घोषित किया है।

चकबंदी प्रक्रिया में तेजी: सिद्धार्थनगर के तीन गांवों में ग्राम चौपाल का सफल आयोजन

सिद्धार्थनगर, 26 फरवरी 2026। चकबंदी आयुक्त, उत्तर प्रदेश, लखनऊ डॉ. हृषिकेश भास्कर यशोद के कुशल नेतृत्व तथा जिलाधिकारी/जिला उप संचालक चकबंदी सिद्धार्थनगर के मार्गदर्शन एवं उप संचालक चकबंदी/अपर जिलाधिकारी सिद्धार्थनगर के दिशा-निर्देशन में जनपद के तीन गांवों में ग्राम चौपाल का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

नौगढ़ तहसील के धौरीकुईया में आकार पत्र-5 का वितरण

तहसील नौगढ़ के ग्राम धौरीकुईया में चकबंदी अधिकारी श्री राजेन्द्र प्रसाद यादव की अध्यक्षता में ग्राम चौपाल आयोजित की गई। कार्यक्रम में ग्राम के अधिकारी-कर्मचारी, ग्राम प्रधान एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

इस दौरान जोत चकबंदी आकार पत्र-5 का वितरण किया गया। ग्रामीणों द्वारा उठाई गई समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया गया। साथ ही ग्रामवासियों ने चकबंदी प्रक्रिया के अंतर्गत वरासत की कार्यवाही पूर्ण कराने की मांग रखी, जिस पर तत्काल सहायक चकबंदी अधिकारी नौगढ़ को आवश्यक निर्देश दिए गए।

बांसी तहसील के पैडीखुर्द में आकार पत्र-45 वितरित

तहसील बांसी के ग्राम पैडीखुर्द में चकबंदी अधिकारी श्री नीरज कुमार सिंह की अध्यक्षता में ग्राम चौपाल का आयोजन हुआ। यहां जोत चकबंदी आकार पत्र-45 का वितरण किया गया।

ग्रामीणों द्वारा प्रस्तुत वादों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। काश्तकारों ने चकबंदी प्रक्रिया से संबंधित विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका त्वरित और संतोषजनक उत्तर अधिकारियों द्वारा दिया गया।

इटवा तहसील के चोरथरी में वादों का त्वरित निस्तारण

तहसील इटवा के ग्राम चोरथरी में चकबंदी अधिकारी श्री प्रदीप कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में ग्राम चौपाल संपन्न हुई। अधिकारियों ने चकबंदी प्रक्रिया से जुड़े सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं की जानकारी ग्रामीणों को दी।

इस दौरान वरासत से संबंधित दो वादों का मौके पर ही त्वरित निस्तारण किया गया। अन्य मांगों के संबंध में भी ग्रामीणों को आश्वस्त किया गया कि उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाएगा।

चकबंदी प्रक्रिया से संतुष्ट दिखे ग्रामीण

तीनों ग्रामों में आयोजित ग्राम चौपाल कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सफल रहा। ग्रामवासियों ने चकबंदी विभाग द्वारा समय-समय पर चलाई जा रही मुहिमों की सराहना की तथा विभाग के प्रति आभार व्यक्त किया।

चकबंदी विभाग की सक्रियता से ग्रामीणों में भरोसा बढ़ा है और राजस्व संबंधी मामलों के त्वरित समाधान की दिशा में सकारात्मक वातावरण बनता दिखाई दे रहा है।

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