फ्रेंड्स टाइम्स
Breaking News
कपिलवस्तु विधानसभा को बड़ी सौगात: PWD द्वारा 54 सड़कों की मरम्मत को स्वीकृति

सिद्धार्थनगर। कपिलवस्तु विधानसभा क्षेत्र के विकास को नई गति देते हुए लोक निर्माण विभाग (PWD) ने क्षेत्र की 54 जर्जर सड़कों के सामान्य मरम्मत कार्य के लिए स्वीकृति प्रदान की है। इस फैसले को क्षेत्र के लिए बड़ी उपलब्धि बताया जा रहा है। कपिलवस्तु विधायक श्यामधनी राही ने इस स्वीकृति पर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति विधानसभा क्षेत्र की जनता की ओर से हृदय से आभार व्यक्त किया है।

ग्रामीण और कस्बाई क्षेत्रों को मिलेगा सीधा लाभ

विधायक श्यामधनी राही ने बताया कि इन सड़कों की मरम्मत से ग्रामीण एवं कस्बाई क्षेत्रों में आवागमन सुगम होगा। बेहतर सड़क कनेक्टिविटी से

विद्यार्थियों को स्कूल-कॉलेज आने-जाने में सुविधा

मरीजों को अस्पताल पहुंचने में राहत

व्यापारिक गतिविधियों में तेजी

किसानों को फसल ढुलाई में सहूलियत

मिलेगी। लंबे समय से जर्जर सड़कों की मरम्मत की मांग की जा रही थी, जिसे अब सरकार ने गंभीरता से पूरा किया है।

इन प्रमुख संपर्क मार्गों को मिली स्वीकृति

स्वीकृत मार्गों में पकड़ी उदयपुर–छोटकी हरैया, हरेपा सात प्राथमिक विद्यालय–तरकुलहा, पीकापार–परसा, बर्डपुर, ककरहवा, नौगढ़, बरगदी चौराहा, सगरहवा, सेमरी, बहोरवा, कंचनिया दक्षिणी, बैजनाथपुर, टुगौरा, कुसम्ही, मधुबनवा, बरोहिया खालसा, काकोरी, केवलपुर, जयपुर संपर्क मार्ग, धोबहा, चौहानडीह, सजनापार, दैजौली, छितरापार, नौखनिया, फुलवरिया, लोधपुरवा, जगदीशपुर खुर्द–डिहवा, अहिरनडीह, बसहिलिया, पिछौरा, कोल्हुआ दाता सहित कुल 54 मार्ग शामिल हैं।

इन मार्गों की मरम्मत से दूरस्थ गांव भी मुख्य सड़कों से जुड़ेंगे।

सरकार गांव–गरीब–किसान को दे रही प्राथमिकता

विधायक राही ने कहा कि प्रदेश सरकार गांव, गरीब और किसानों की जरूरतों को प्राथमिकता दे रही है। सड़क कनेक्टिविटी मजबूत कर विकास को धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी स्वीकृत मार्गों पर शीघ्र मरम्मत कार्य शुरू होगा, जिससे आमजन को राहत मिलेगी।

क्षेत्रीय विकास को मिलेगा नया आयाम

स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़कों की बदहाली से रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही थी। मरम्मत कार्य शुरू होने से क्षेत्र में विकास कार्यों को नई रफ्तार मिलेगी और सामाजिक-आर्थिक गतिविधियां मजबूत होंगी।

कैशलैस इलाज मिलने पर अनुदेशकों में खुशी की लहर..सिद्धार्थनगर के अनुदेशकों ने सरकार का जताया आभार

सिद्धार्थनगर: जनपद के अनुदेशकों में उस समय उत्साह की लहर दौड़ गई जब उन्हें कैशलैस चिकित्सा सुविधा प्रदान किए जाने की घोषणा पर अमल शुरू हुआ। लंबे समय से स्वास्थ्य सुरक्षा की मांग कर रहे अनुदेशकों ने सरकार के इस निर्णय को ऐतिहासिक, राहतभरा और मानवीय बताया।

जिलाध्यक्ष अनिल पांडेय ने कहा कि,

“अनुदेशकों की स्वास्थ्य संबंधी चिंता दूर होने से वे अब पूरी ऊर्जा के साथ विद्यार्थियों के भविष्य निर्माण में योगदान दे सकेंगे। यह कदम शिक्षा व्यवस्था को भी मजबूत करेगा क्योंकि सुरक्षित और निश्चिंत शिक्षक ही बेहतर शिक्षा दे सकते हैं।”

जिलाध्यक्ष ने कहा कि,” यह फैसला सिर्फ सुविधा नहीं बल्कि सम्मान का प्रतीक है। इससे यह संदेश जाता है कि सरकार जमीनी स्तर पर कार्यरत शिक्षा कर्मियों के हितों के प्रति गंभीर है।”

प्रदेश अध्यक्ष विक्रम सिंह ने-

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह तथा एमएलसी श्रीचंद शर्मा का आभार जताते हुए कहाकि, “सरकार की संवेदनशील सोच के कारण ही यह सुविधा संभव हो पाई है, जिससे हजारों अनुदेशक परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा।”

 

मुख्यमंत्री ने किया सिद्धार्थनगर महोत्सव 2026 का रंगारंग आगाज

सिद्धार्थनगर,28 जनवरी 2026। भगवान गौतम बुद्ध की तपोभूमि और राजकुमार सिद्धार्थ के नाम से पहचाने जाने वाले सिद्धार्थनगर की ऐतिहासिक धरती पर आज विकास, संस्कृति और विरासत का भव्य संगम देखने को मिला। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्ज्वलित कर सिद्धार्थनगर महोत्सव-2026 का औपचारिक शुभारंभ किया।

इस अवसर पर श्रम एवं सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर, सांसद जगदम्बिका पाल, विधायक माता प्रसाद पाण्डेय, विधायक श्यामधनी राही, विधायक सैय्यदा खातून, एमएलसी ध्रुव कुमार त्रिपाठी, जिला पंचायत अध्यक्ष शीतल सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि मंचासीन रहे। मुख्यमंत्री का स्वागत आयुक्त अखिलेश सिंह एवं आईजी संजीव त्यागी द्वारा पुष्पगुच्छ भेंट कर किया गया।

संस्कृति से सजी शुरुआत

कार्यक्रम की शुरुआत बेसिक शिक्षा विभाग की शिक्षिकाओं के स्वागत गीत और शिवपति इंटर कॉलेज की छात्राओं द्वारा प्रस्तुत कपिलवस्तु गीत से हुई, जिसने पूरे वातावरण को सांस्कृतिक रंगों से भर दिया।

बुद्ध भूमि से विकास का संदेश

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महात्मा गौतम बुद्ध की धरती को नमन करते हुए सिद्धार्थनगरवासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह वही भूमि है जहाँ से सत्य, ज्ञान और शांति का संदेश पूरी दुनिया में गया। मुख्यमंत्री ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के आकस्मिक निधन पर श्रद्धांजलि भी अर्पित की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि,

“शक्ति यदि दुष्टों के हाथ में जाती है तो विनाश होता है, और यदि सज्जनों के हाथ में जाती है तो उत्थान होता है। डबल इंजन सरकार इसी उत्थान का माध्यम बनी है।”

1052 करोड़ की विकास सौगात

मुख्यमंत्री ने सिद्धार्थनगर को 1052 करोड़ रुपये की 229 परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।

इनमें सड़क, पुल, सिंचाई, मेडिकल कॉलेज, नर्सिंग कॉलेज, छात्रावास, ऑडिटोरियम सहित कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं शामिल हैं।

किसान, गरीब और युवाओं पर फोकस

किसानों के लिए सिंचाई सुविधाओं का विस्तार

मनरेगा में अब 125 दिन का रोजगार

हर पात्र को आवास, राशन, आयुष्मान कार्ड

मत्स्य संपदा योजनाओं से मछली उत्पादन को बढ़ावा

मेडिकल कॉलेज से बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश अब उपद्रव से उत्सव की ओर बढ़ चुका है और इसे बनाए रखना हम सबकी जिम्मेदारी है।

जनप्रतिनिधियों ने रखी बात

सांसद जगदम्बिका पाल ने कहा कि 2017 से पहले जिले की पहचान बाढ़ से थी, आज काला नमक चावल, हाईवे और विकास से है।

*विधायक माता प्रसाद पाण्डेय ने स्थानीय उद्योगों की स्थापना की मांग रखी।

*विधायक श्यामधनी राही ने बाईपास और सेतु निर्माण की आवश्यकता बताई।

सामाजिक सरोकार की बात

कार्यक्रम के दौरान गर्भवती महिलाओं की गोदभराई एवं शिशुओं का अन्नप्राशन भी कराया गया, जो सरकार की संवेदनशील सोच को दर्शाता है।

मुख्यमंत्री को स्मृति चिह्न भेंट किया

जनप्रतिनिधियों द्वारा भगवान श्रीराम मंदिर का प्रतीक एवं जिला प्रशासन की ओर से भगवान गौतम बुद्ध का प्रतीकात्मक अस्थि कलश मुख्यमंत्री को भेंट किया गया।

कार्यक्रम में जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जी.एन., पुलिस अधीक्षक अभिषेक महाजन, सीडीओ बलराम सिंह सहित बड़ी संख्या में अधिकारी, जनप्रतिनिधि और नागरिक मौजूद रहे।

 

 

यूपी के 15 लाख से अधिक शिक्षक,शिक्षामित्र,अनुदेशक व अन्य कर्मचारियों को कैशलैस चिकित्सा की सुविधा

उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश के शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के लिए एक बड़ी स्वास्थ्य सुविधा का ऐलान किया है। अब बेसिक और माध्यमिक शिक्षा से जुड़े लाखों कर्मचारी और उनके परिवार निजी अस्पतालों में भी कैशलेस इलाज की सुविधा प्राप्त कर सकेंगे। यह व्यवस्था आयुष्मान भारत योजना की तर्ज पर लागू की जा रही है, जिससे सरकारी शिक्षा तंत्र से जुड़े कर्मियों को इलाज के लिए आर्थिक चिंता से राहत मिलेगी।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा शिक्षक दिवस 2025 पर घोषित इस योजना को गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में औपचारिक स्वीकृति दे दी गई।

अनुदेशक, शिक्षामित्र को भी लाभ

इस योजना का सबसे बड़ा दायरा बेसिक शिक्षा परिषद से जुड़े कर्मियों को कवर करता है। इसमें शामिल हैं:

परिषद के विद्यालयों के शिक्षक

मान्यता प्राप्त विद्यालयों के शिक्षक

शिक्षामित्र

विशेष शिक्षक

अनुदेशक

कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय की वार्डेन और शिक्षक

प्रधानमंत्री पोषण योजना (मिड-डे मील) से जुड़े रसोइये

उपरोक्त सभी के आश्रित

बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह ने बताया कि इस श्रेणी में 11.95 लाख से अधिक शिक्षक और कर्मचारी लाभान्वित होंगे। सरकार प्रति कर्मी लगभग 3000 रुपये वार्षिक प्रीमियम के आधार पर इस हिस्से पर 358.61 करोड़ रुपये सालाना खर्च का अनुमान लगा रही है।

माध्यमिक के शिक्षकों को भी लाभ

माध्यमिक शिक्षा विभाग के दायरे में आने वाले कई वर्गों को इस योजना में शामिल किया गया है। इनमें शामिल हैं:

अनुदानित एवं स्ववित्तपोषित विद्यालयों के शिक्षक

व्यावसायिक शिक्षा से जुड़े विषय विशेषज्ञ

मानदेय शिक्षक

संस्कृत शिक्षा परिषद से मान्यता प्राप्त विद्यालयों के शिक्षक

संबंधित कर्मचारियों के आश्रित परिवारजन भी होंगे लाभान्वित

यह योजना सिर्फ कर्मचारियों तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके आश्रित परिवारजनों को भी इसमें शामिल किया गया है। इससे लाखों परिवारों को सीधे तौर पर स्वास्थ्य सुरक्षा कवच मिलेगा।