गोरखपुर। शहर में चल रही प्रसिद्ध कथावाचक राजन जी महाराज की श्री राम कथा के दौरान एक विवादित घटना सामने आई है, जिसने श्रद्धालुओं के बीच चर्चा तेज कर दी है। कथा के दौरान राजन जी महाराज की टीम के एक सदस्य को कथित रूप से गोली मारने की धमकी दिए जाने की बात कही जा रही है। घटना के बाद राजन जी महाराज ने आहत होकर कथा बीच में छोड़ने का मन भी बना लिया था।
बताया जा रहा है कि इस पूरे घटनाक्रम का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें महाराज मंच से घटना का जिक्र करते हुए दिखाई देते हैं।
हमारे घर में ही हुआ बवाल: राजन जी महाराज
कथा के दौरान सामने आए वीडियो में राजन जी महाराज कहते हुए सुनाई देते हैं कि:
“गोरखपुर, देवरिया, सीवान हमारा घर है। 16 साल की यात्रा में पहली बार ऐसी घटना हुई है। हमारे घर में भगदड़ जैसी स्थिति बनी। हमारी टीम के लोगों को गोली मारने को कहा गया… किसने मां का दूध पिया है,अगर किसी में हिम्मत है तो गोली मारकर दिखाओ”
उनका कहना था कि मंच पर लोगों की भीड़ चढ़ने की वजह से व्यवस्था बिगड़ी और इसके बाद टीम को मंच पर लोगों को आने से रोकना पड़ा, जिससे विवाद बढ़ गया।
27 जनवरी से 4 फरवरी तक चल रही है 9 दिवसीय राम कथा
गोरखपुर के चम्पा देवी पार्क में राजन जी महाराज की 9 दिवसीय श्री राम कथा का आयोजन 27 जनवरी से शुरू हुआ है, जिसका समापन 4 फरवरी को प्रस्तावित है।
सूत्रों के अनुसार, कथा के तीसरे दिन यानी 29 जनवरी को आयोजकों के एक पक्ष और कथावाचक की टीम के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई, जो बाद में तीखी बहस में बदल गई।
आयोजकों और टीम के बीच कहासुनी, कथित धमकी से बढ़ा मामला
बताया जा रहा है कि विवाद के दौरान किसी व्यक्ति द्वारा कथावाचक की टीम को गोली मारने की धमकी दिए जाने की बात कही गई। हालांकि, इस संबंध में आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
घटना के बाद राजन महाराज ने कथा छोड़कर वापस जाने की इच्छा जताई, लेकिन स्थानीय जनप्रतिनिधि द्वारा समझाने के बाद उन्होंने कथा जारी रखने का निर्णय लिया।
भक्तों के सामने भावुक हुए महाराज
अगले दिन कथा के दौरान राजन महाराज ने भावुक स्वर में कहा:
“हम प्रेम से कथा सुनाने आए हैं, उसी प्रेम से सुनिए। 16 साल में पहली बार ऐसी स्थिति आई है।”
उनकी इस बात से पंडाल में मौजूद कई श्रद्धालु भावुक हो गए।
मुलाकात के नाम पर पैसे लेने वालों को चेतावनी
कथा के दौरान महाराज ने यह भी स्पष्ट किया कि उनसे मिलने के लिए किसी भी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाता।
उन्होंने कहाकि:
“सुनने में आया है कि कोई हमसे मिलवाने के नाम पर 1100 रुपये ले रहा है। ऐसे लोग सावधान हो जाएं। हम देश-विदेश कहीं भी कथा करते हैं, मिलने के लिए कभी पैसा नहीं लेते।”
शहर की छवि पर सवाल
धार्मिक आयोजनों में इस तरह के विवाद को लेकर स्थानीय लोगों में भी चर्चा है। कई श्रद्धालुओं का मानना है कि ऐसे आयोजन शांति और श्रद्धा का संदेश देते हैं, ऐसे में विवाद दुखद है।
प्रशासनिक स्थिति स्पष्ट नहीं
इस पूरे घटनाक्रम को लेकर अब तक किसी प्रशासनिक कार्रवाई या आधिकारिक बयान की पुष्टि नहीं हुई है। मामला जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
सत्यपाल सिंह कौशिक को कंटेंट लेखन, स्क्रिप्ट लेखन का लंबा अनुभव है। वर्तमान में कौशिक जी FT NEWS DIGITAL में डिजिटल मीडिया सह- संपादक के पद पर कार्यरत हैं।