15.47 करोड़ की साइबर ठगी से जुड़े नेटवर्क पर पुलिस का प्रहार, खेसरहा से आरोपी गिरफ्तार
15.47 करोड़ के साइबर फ्रॉड नेटवर्क का खुलासा: खेसरहा पुलिस ने म्यूल अकाउंट संचालक को दबोचा, आईफोन-लैपटॉप व नकदी बरामद

ऑपरेशन ‘Cy-Vajra’ के तहत बड़ी कार्रवाई, विभिन्न राज्यों की 9 शिकायतों से जुड़ा मामला
सिद्धार्थनगर पुलिस ने साइबर अपराध के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए थाना खेसरहा क्षेत्र से एक ऐसे आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसके बैंक खातों का संबंध एनसीआरपी (NCRP)/समन्वय पोर्टल पर दर्ज विभिन्न राज्यों की साइबर धोखाधड़ी की शिकायतों से जुड़ा पाया गया। पुलिस के अनुसार, पोर्टल पर दर्ज शिकायतों में कुल ₹15.47 करोड़ से अधिक की साइबर ठगी का उल्लेख है। जांच में आरोपी के खातों में इस धनराशि का एक हिस्सा आने तथा उसके उपयोग के आरोप में कार्रवाई की गई है।

सारांश
NCRP/समन्वय पोर्टल की 9 शिकायतों से जुड़ा मामला
कुल ₹15.47 करोड़ से अधिक की साइबर फ्रॉड शिकायतों से संबंधित जांच
एक आरोपी गिरफ्तार, आईफोन, मोबाइल, लैपटॉप, एटीएम कार्ड, पासबुक और ₹20 हजार नकद बरामद
ऑनलाइन गेमिंग के माध्यम से संदिग्ध लेनदेन का पुलिस ने किया खुलासा
आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया
विस्तृत खबर
सिद्धार्थनगर। प्रदेश में साइबर अपराधियों के खिलाफ पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान “Cy-Vajra” के अंतर्गत सिद्धार्थनगर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए थाना खेसरहा क्षेत्र से एक युवक को गिरफ्तार किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत कुमार प्रसाद तथा क्षेत्राधिकारी बांसी शुबेन्दु सिंह के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष अनूप कुमार मिश्र एवं साइबर सेल टीम ने यह कार्रवाई की।
पुलिस के अनुसार, एनसीआरपी/समन्वय पोर्टल पर वर्ष 2024-25 के दौरान विभिन्न राज्यों से प्राप्त साइबर धोखाधड़ी की शिकायतों की जांच में एक संदिग्ध बैंक खाते का पता चला। पुलिस का कहना है कि पोर्टल पर दर्ज कुल 9 शिकायतों में लगभग ₹15,47,63,520 की साइबर ठगी का विवरण दर्ज था। जांच के दौरान संबंधित म्यूल बैंक खाते में ₹24,230.66 आने और उसका निजी उपयोग किए जाने के आरोप सामने आए।
इसी आधार पर थाना खेसरहा में 12 जुलाई 2026 को मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने 14 जुलाई 2026 को आरोपी नसीम अहमद (20 वर्ष), निवासी बेलवालगुनही, थाना खेसरहा को गिरफ्तार कर आवश्यक विधिक कार्रवाई के बाद न्यायालय भेज दिया।
पूछताछ में क्या सामने आया?
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म के माध्यम से साइबर ठगी की रकम अपने खातों में मंगवाता था और बाद में अलग-अलग खातों में स्थानांतरित कर लेनदेन करता था। पुलिस का दावा है कि आरोपी ने अपने नाम से यूनियन बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, अर्बन कोऑपरेटिव बैंक, एक्सिस बैंक, भारतीय स्टेट बैंक तथा इंडियन पोस्ट पेमेंट्स बैंक में कई खाते खुलवा रखे थे।
जांच में इन खातों पर विभिन्न राज्यों से दर्ज कुल 8 अन्य एनसीआरपी शिकायतें भी सामने आने की बात पुलिस ने कही है, जिनमें लगभग ₹7.08 करोड़ की साइबर धोखाधड़ी से संबंधित प्रविष्टियां दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि इन खातों में भी संदिग्ध धनराशि का लेनदेन पाया गया।

बरामदगी
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से निम्न सामान बरामद करने का दावा किया है—
एक आईफोन एवं एक वीवो मोबाइल
एचपी कंपनी का एक लैपटॉप
लैपटॉप चार्जर एवं माउस
चार बैंक पासबुक
छह बैंक कार्ड (एटीएम/डेबिट कार्ड)
₹20,000 नकद, जिसे पुलिस ने साइबर ठगी से संबंधित धनराशि बताया है।
पुलिस की अपील
सिद्धार्थनगर पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी लालच या कमीशन के बदले अपना बैंक खाता, एटीएम कार्ड, चेकबुक या बैंकिंग विवरण किसी अन्य व्यक्ति को उपलब्ध न कराएं। पुलिस के अनुसार, ऐसे मामलों में सहयोग या संलिप्तता पाए जाने पर संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध भी विधिक कार्रवाई की जा सकती है।
(नोट: यह समाचार सिद्धार्थनगर पुलिस द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति एवं पुलिस के दावों पर आधारित है। मामले की जांच एवं न्यायिक प्रक्रिया जारी है। आरोपी के विरुद्ध लगाए गए आरोपों का अंतिम निर्णय न्यायालय द्वारा किया जाएगा।)
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