फ्रेंड्स टाइम्स
Breaking News
सिद्धार्थनगर में युवक पर हमला और लूट का आरोप, पुलिस जांच में जुटी

सिद्धार्थनगर। जनपद के भवानीगंज थाना क्षेत्र में एक युवक पर हमला और लूट की घटना सामने आने से इलाके में सनसनी फैल गई। घायल युवक ने कुछ लोगों पर रास्ता रोककर मारपीट करने, चाकू से हमला करने और नकदी लूटने का आरोप लगाया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।

Screenshot 20260510 071018

बताया जा रहा है कि बलरामपुर जनपद के गैसड़ी क्षेत्र निवासी युवक अपनी बहन के घर असनाधरपुर आया हुआ था। आरोप है कि जब वह बाइक से वापस लौट रहा था, तभी धनखरपुर चौराहे के पास कुछ युवकों ने उसे रोक लिया और विवाद के बाद हमला कर दिया। घायल युवक के अनुसार हमलावरों ने उसके साथ मारपीट की तथा धारदार हथियार से हमला कर घायल कर दिया। साथ ही उसके पास मौजूद करीब दो लाख रुपये भी छीन लिए गए।

घटना के बाद स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायल युवक को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेंवा पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।

घायल युवक ने कुछ नामजद लोगों पर हमला करने का आरोप लगाया है। वहीं पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों के अनुसार घटना से जुड़े तथ्यों की पुष्टि के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।

उधर घटना के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है। पुलिस ने लोगों से अफवाहों से बचने और सोशल मीडिया पर भ्रामक या सांप्रदायिक पोस्ट साझा न करने की अपील की है।

 

सिद्धार्थनगर में धूमधाम से मनी महाराणा प्रताप जयंती

सिद्धार्थनगर। वीरता, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति के प्रतीक मेवाड़ के महान योद्धा वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की 486वीं जयंती शनिवार को सिद्धार्थनगर मुख्यालय स्थित अम्बेडकर सभागार में भव्य और ऐतिहासिक अंदाज में मनाई गई। कार्यक्रम में सर्व समाज के लोगों की भारी भीड़ उमड़ी और पूरा सभागार “जय महाराणा”, “जय श्रीराम” और “भारत माता की जय” के नारों से देर तक गूंजता रहा।

कार्यक्रम की शुरुआत महाराणा प्रताप की तस्वीर पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुई। उपस्थित लोगों ने महाराणा प्रताप के अदम्य साहस, त्याग और मातृभूमि के प्रति समर्पण को याद करते हुए उन्हें भारतीय इतिहास का सबसे स्वाभिमानी योद्धा बताया।

हल्दीघाटी को पांचवां धाम मानना चाहिए

बार एसोसिएशन अध्यक्ष एडवोकेट अखंड प्रताप सिंह और शिवनाथ चौधरी ने हल्दीघाटी के ऐतिहासिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हर भारतीय को चार धाम के साथ हल्दीघाटी भी अवश्य जाना चाहिए। वक्ताओं ने कहा कि हल्दीघाटी केवल एक युद्धस्थल नहीं बल्कि भारतीय स्वाभिमान की पवित्र भूमि है।

उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप का 81 किलो का भाला, उनका युद्ध कौशल और मातृभूमि के लिए समर्पण आज भी लोगों को रोमांचित कर देता है। वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में समाज को महाराणा प्रताप के आदर्शों पर चलने की सबसे अधिक आवश्यकता है।

जिला मुख्यालय पर स्थापित होगी भव्य प्रतिमा:जिला पंचायत अध्यक्ष (प्रo)

पूरा हाल उसे समयत तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा जब जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि उपेंद्र प्रताप सिंह ने घोषणा की, जल्द ही जिला मुख्यालय पर महाराणा प्रताप की भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी और महाराणा प्रताप छात्रावास का भी निर्माण किया जाएगा।

महाराणा प्रताप राष्ट्र गौरव और हिंदू स्वाभिमान के प्रतीक

रामकृष्ण पाण्डेय ने कहा कि महाराणा प्रताप केवल एक राजा नहीं बल्कि राष्ट्र गौरव और हिंदू स्वाभिमान के अमर प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि “जिस योद्धा ने जंगलों में घास की रोटी खाकर जीवन गुजार लिया लेकिन मुगल बादशाह अकबर की अधीनता स्वीकार नहीं की, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का सबसे बड़ा स्रोत है।”

प्राचार्य प्रो. अरविंद सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि आज के समय में युवाओं को महाराणा प्रताप के जीवन चरित्र को पढ़ने और समझने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि “देश और धर्म की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाला योद्धा कभी इतिहास से मिट नहीं सकता। महाराणा प्रताप भारत की आत्मा हैं।”

सैकड़ों लोगों की मौजूदगी में मनाई गई जयंती

कार्यक्रम में राजकुमार सिंह उर्फ राजू शाही, कुँवर आनंद सिंह, सौरभ पाल सिंह, दिवाकर विक्रम सिंह, पूर्व विधायक अनिल सिंह, माधव सिंह, उपेंद्र प्रताप सिंह, पूर्व ब्लॉक प्रमुख राजू सिंह, फते बहादुर सिंह, कृष्णपाल सिंह, विक्रांत सिंह विक्कू, अमर नाथ सिंह, कैलाश नाथ दुबे, प्रदीप वर्मा, दिलीप सिंह, शत्रुजीत सिंह, योगेंद्र सिंह, मुरारी सिंह सहित दो सौ से अधिक लोग मौजूद रहे।

क्षत्रिय महासभा के जिलाध्यक्ष भूपनारायण सिंह उर्फ राजन सिंह की अध्यक्षता तथा महामंत्री हरेंद्र बहादुर सिंह के संचालन में आयोजित कार्यक्रम में विकास सिंह हाड़ा, राजवंत सिंह, केपी सिंह, ओपी सिंह, कौशलेन्द्र त्रिपाठी, करण सिंह, कृपा शंकर त्रिपाठी, हरिशंकर सिंह, अष्टभुजा सिंह श्रीनेत, शिवम सिंह, विपलव दुबे, विनय शर्मा और बीरेंद्र सिंह सहित दर्जनों वक्ताओं ने महाराणा प्रताप के जीवन पर अपने विचार रखे।

युवाओं से की गई राष्ट्रभक्ति और स्वाभिमान अपनाने की अपील

वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि आज की युवा पीढ़ी को मोबाइल और आधुनिकता की चकाचौंध से निकलकर इतिहास के महानायकों से प्रेरणा लेने की जरूरत है। महाराणा प्रताप का जीवन त्याग, संघर्ष और राष्ट्रप्रेम का जीवंत उदाहरण है।

कार्यक्रम के अंत में सभी लोगों ने महाराणा प्रताप की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और “जय महाराणा” के उद्घोष के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।

सिद्धार्थनगर में जर्जर ढांचों पर प्रशासन सख्त, काशीराम आवास हादसे के बाद डीएम का बड़ा एक्शन

 “काशीराम हादसे के बाद प्रशासन अलर्ट”

 “जर्जर ढांचों पर डीएम का सख्त आदेश”

 “अब चिन्हित होंगे खतरनाक भवन”

 “लापरवाही पर तय होगी जिम्मेदारी”

 “जन सुरक्षा को लेकर बड़ा एक्शन”


सिद्धार्थनगर।

सदर थाना क्षेत्र जेल चौंकी अंतर्गत स्थित काशीराम आवास के पीछे परिसर में पुरानी पानी की टंकी पर हुए दर्दनाक हादसे के बाद जिला प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में दिखाई दे रहा है। हादसे में एक मासूम की मौत और बच्चों के घायल होने की घटना के बाद जिलाधिकारी सिद्धार्थनगर ने जनपदभर में जर्जर एवं निष्प्रयोज्य भवनों, पानी की टंकियों और अन्य खतरनाक संरचनाओं को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं।

Screenshot 20260509 074001

बताया जा रहा है कि काशीराम आवास परिसर में कुछ बच्चे खेलते-खेलते पानी की टंकी पर चढ़ गए थे। इसी दौरान पुरानी और जर्जर सीढ़ियां अचानक टूट गईं, जिससे बच्चे नीचे गिर गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। राहत एवं बचाव दल ने अभियान चलाकर फंसे बच्चों को सुरक्षित निकालने का प्रयास किया। इस हादसे ने जिले में वर्षों से उपेक्षित पड़े जर्जर ढांचों की स्थिति को फिर चर्चा में ला दिया है।

घटना के बाद जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जी०एन० द्वारा जारी पत्र में सभी विभागाध्यक्षों, अधिशासी अभियंताओं, परियोजना प्रबंधकों, नगर निकायों और संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि जनपद में मौजूद जर्जर, खतरनाक एवं निष्प्रयोज्य भवनों, पानी की टंकियों, बाउंड्रीवाल और अन्य संरचनाओं का तत्काल सर्वे कराया जाए। साथ ही निर्धारित प्रक्रिया के तहत ऐसे ढांचों को सुरक्षित तरीके से ध्वस्त कराने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

डीएम ने स्पष्ट किया है कि ध्वस्तीकरण से पहले संबंधित स्थानों को पूरी तरह सुरक्षित किया जाए ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की जनहानि की संभावना न रहे। प्रशासन ने यह भी संकेत दिए हैं कि यदि किसी जर्जर संरचना की वजह से भविष्य में हादसा होता है तो संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय की जा सकती है।

स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन की इस पहल को जनहित में महत्वपूर्ण कदम बताया है। लोगों का कहना है कि जिले में कई पुराने सरकारी ढांचे लंबे समय से खतरे की स्थिति में खड़े हैं, जिनकी समय रहते निगरानी और मरम्मत आवश्यक है। काशीराम आवास की घटना के बाद अब उम्मीद जताई जा रही है कि प्रशासन सुरक्षा व्यवस्था को लेकर और अधिक गंभीरता से कार्रवाई करेगा।

शादी का भरोसा देकर धोखा देने का आरोप, युवती की शिकायत पर मुकदमा दर्ज

| FT News Digital)

Siddharthnagar के लोटन थाना क्षेत्र में एक युवती की शिकायत पर पुलिस ने कथित तौर पर शादी का भरोसा देकर धोखा देने और शोषण के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है। मामले में आरोपित युवक के घर पर पुलिस द्वारा दबिश दिए जाने की भी जानकारी सामने आई है।

पुलिस सूत्रों के अनुसार बिहार के पश्चिमी चंपारण क्षेत्र की रहने वाली युवती ने शिकायत में बताया कि वह दक्षिण भारत के एक औद्योगिक क्षेत्र में सिलाई कंपनी में कार्यरत थी। वहीं उसकी पहचान सिद्धार्थनगर निवासी एक युवक से हुई। परिचय बढ़ने के बाद दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और युवती का आरोप है कि युवक ने विवाह का आश्वासन दिया था।

शिकायतकर्ता के अनुसार कुछ समय बाद युवक अपने गांव लौट आया और संपर्क कम कर दिया। युवती का कहना है कि बाद में उसका फोन नंबर भी ब्लॉक कर दिया गया। इसके बाद वह न्याय की मांग को लेकर संबंधित थाने पहुंची और पूरे मामले की जानकारी पुलिस को दी।

पुलिस ने युवती की तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है तथा आवश्यक कानूनी कार्रवाई प्रक्रिया के तहत की जाएगी।

सुरक्षा और सहायता के दृष्टिकोण से युवती को वन स्टॉप सेंटर भेजे जाने की भी जानकारी सामने आई है। वहीं आरोपित युवक फिलहाल घर से बाहर बताया जा रहा है।

 

विदाई के बाद मातम में बदली खुशियां, पोल से टकराई कार में दूल्हा-दुल्हन समेत पांच घायल

(FT News Digital) Siddharthnagar के जोगिया क्षेत्र में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे ने शादी की खुशियों को चिंता में बदल दिया। विदाई के बाद घर लौट रही एक कार महदेवा तिवारी चौराहे के पास अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़ी बाइक से टकराने के बाद बिजली के पोल को तोड़ते हुए पुलिया में जा घुसी। हादसे में दूल्हा-दुल्हन समेत पांच लोग घायल हो गए, जबकि एक किशोरी की हालत गंभीर बताई जा रही है।

स्थानीय लोगों के अनुसार टक्कर इतनी तेज थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए कार में फंसे घायलों को बाहर निकाला और पुलिस को सूचना दी।

जानकारी के मुताबिक डुमरियागंज क्षेत्र से बारात सोहास इलाके के एक गांव में गई थी। विदाई के बाद परिवार के लोग वापस लौट रहे थे, तभी जोगिया-पकड़ी मार्ग पर यह हादसा हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि वाहन अचानक नियंत्रण खो बैठा, जिसके बाद यह दुर्घटना हुई।

सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा तथा सभी घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। चिकित्सकों की निगरानी में घायलों का उपचार जारी है।

पुलिस ने क्षतिग्रस्त वाहन को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक स्तर पर चालक को झपकी आने की आशंका भी जताई जा रही है, हालांकि आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।

 

सीमा के गांवों तक सरकार की सीधी दस्तक दुल्हा सुमाली में डीएम की चौपाल, योजनाओं की हकीकत परखी

सिद्धार्थनगर।
भारत-नेपाल सीमा से सटे सिद्धार्थनगर जिले के विकास खण्ड बर्डपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत दुल्हा सुमाली में आयोजित ग्राम चौपाल में प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आया। जिलाधिकारी श्री शिवशरणप्पा जीएन ने ग्रामीणों के बीच पहुंचकर सरकारी योजनाओं की जमीनी स्थिति जानी और अधिकारियों को साफ संदेश दिया कि पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ हर हाल में पहुंचे।
ग्राम चौपाल के दौरान जिलाधिकारी ने सीमावर्ती गांवों की सुरक्षा, विकास और जनकल्याण

IMG 20260508 WA1048योजनाओं को लेकर ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। उन्होंने कहा कि भारत सरकार की “वाइब्रेंट विलेज” योजना के तहत सीमा क्षेत्र के गांवों में सड़क, कनेक्टिविटी और मूलभूत सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है, ताकि सीमावर्ती इलाकों का विकास तेज हो सके।

IMG 20260508 WA1049
डीएम ने खुली भारत-नेपाल सीमा का जिक्र करते हुए ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि सीमा क्षेत्र में जागरूकता ही सुरक्षा की सबसे बड़ी ताकत है और तस्करी जैसी गतिविधियों को रोकने में जनता का सहयोग बेहद जरूरी है।
चौपाल में आयुष्मान कार्ड, किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, पेंशन, राशन, बिजली बिल समाधान योजना, भूमि विवाद और वरासत जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।

IMG 20260508 WA1046जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि गरीब, किसान और जरूरतमंदों की समस्याओं का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर किया जाए।
महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ने की अपील भी की गई। वहीं ग्राम चौपाल में विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर योजनाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान गर्भवती महिलाओं की गोदभराई कराई गई तथा वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया।

IMG 20260508 WA1038
इस कार्यक्रम को सफल बनाने में वर्तमान ग्राम प्रधान नीतू पांडे एवं प्रधान प्रतिनिधि/प्रधान संघ ब्लॉक अध्यक्ष दिलीप पांडे की भूमिका भी सराहनीय रही। ग्रामीणों और प्रशासन के बीच समन्वय स्थापित करने तथा चौपाल को व्यवस्थित ढंग से सम्पन्न कराने में उनका विशेष योगदान देखने को मिला।

Screenshot 20260508 163305
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पात्र लाभार्थियों को योजनाओं से वंचित रखने वाले जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस दौरान उपजिलाधिकारी नौगढ़ कल्याण सिंह मौर्य, क्षेत्राधिकारी सदर विश्वजीत सौरयान, जिला विकास अधिकारी राजमणि वर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।

भारत-नेपाल सीमा पर हाईटेक सुरक्षा का मजबूत घेरा

ककरहवा बॉर्डर पर 23 सीसीटीवी कैमरे सक्रिय, प्रशासन ने बढ़ाई चौकसी

सिद्धार्थनगर। भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा को और अधिक मजबूत तथा तकनीकी रूप से सशक्त बनाने की दिशा में सिद्धार्थनगर प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। संवेदनशील मानी जाने वाली ककरहवा अंतरराष्ट्रीय चेक पोस्ट पर अब हाईटेक निगरानी व्यवस्था लागू कर दी गई है। जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने शुक्रवार को 23 अत्याधुनिक सीसीटीवी कैमरों सहित यात्री सुविधाओं का लोकार्पण कर सीमा सुरक्षा व्यवस्था को नई मजबूती प्रदान की।

प्रशासन द्वारा “क्रिटिकल गैप्स योजना” के अंतर्गत लगाए गए ये कैमरे सीमा क्षेत्र में होने वाली गतिविधियों पर 24 घंटे नजर रखेंगे। अधिकारियों के अनुसार इस व्यवस्था से संदिग्ध गतिविधियों, अवैध आवाजाही तथा तस्करी जैसी चुनौतियों पर प्रभावी निगरानी रखने में सहायता मिलेगी। सुरक्षा एजेंसियों और स्थानीय प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में भी इसे अहम पहल माना जा रहा है।

कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी ने सीमा क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को सतर्कता एवं निगरानी व्यवस्था को और प्रभावी बनाए रखने के निर्देश दिए। इस अवसर पर 43वीं वाहिनी एसएसबी के कमांडेंट उज्जवल दत्ता, पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन, मुख्य विकास अधिकारी बलराम सिंह सहित अन्य प्रशासनिक एवं सुरक्षा अधिकारी मौजूद रहे।

सीमा से गुजरने वाले यात्रियों और सुरक्षा कर्मियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए चेक पोस्ट पर स्थायी कमरा एवं शौचालय निर्माण कार्य का भी लोकार्पण किया गया। स्थानीय लोगों ने सीमा क्षेत्र में बढ़ाई गई सुविधाओं और सुरक्षा व्यवस्था का स्वागत किया।

विशेषज्ञों का मानना है कि तकनीकी संसाधनों से लैस यह पहल सीमा क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने के साथ-साथ आम नागरिकों में भी सुरक्षा का विश्वास बढ़ाने का कार्य करेगी। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में एसएसबी जवानों एवं स्थानीय नागरिकों की उपस्थिति रही।

सिद्धार्थनगर में पशुधन प्रसार अधिकारी संघ का द्विवार्षिक अधिवेशन संपन्न, अरुण कुमार प्रजापति लगातार छठवीं बार बने अध्यक्ष Livestock Extension

सिद्धार्थनगर। जनपद सिद्धार्थनगर में पशुधन प्रसार अधिकारी संघ का द्विवार्षिक अधिवेशन एवं चुनाव कार्यक्रम पशु चिकित्सालय नौगढ़ सदर परिसर में शांतिपूर्ण एवं उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में जिले भर से आए पशुधन प्रसार अधिकारियों ने सहभागिता निभाई तथा संगठन की मजबूती और कर्मचारी एकता का संदेश दिया।

Screenshot 20260507 153457

अधिवेशन की अध्यक्षता वर्तमान जिला अध्यक्ष अरुण कुमार प्रजापति ने की, जबकि संचालन जिला मंत्री अवनीश त्रिपाठी द्वारा किया गया। चुनाव प्रक्रिया को निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने हेतु मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी की ओर से पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. देवेंद्र कुमार को चुनाव अधिकारी नामित किया गया था। वहीं उपमुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी नौगढ़ सदर डॉ. राज बहादुर यादव पर्यवेक्षक के रूप में मौजूद रहे।

कार्यक्रम के दौरान संघ पदाधिकारियों द्वारा उपस्थित अधिकारियों का पुष्प गुच्छ, माल्यार्पण एवं अंगवस्त्र देकर भव्य स्वागत एवं सम्मान किया गया। इसके बाद जिला अध्यक्ष अरुण कुमार प्रजापति ने पुरानी कार्यकारिणी को औपचारिक रूप से भंग करते हुए नई कार्यकारिणी गठन की प्रक्रिया शुरू कराने का अनुरोध किया।

चुनाव अधिकारी डॉ. देवेंद्र कुमार ने अध्यक्ष, मंत्री समेत सभी छह पदों की घोषणा करते हुए निर्वाचन प्रक्रिया प्रारंभ की। सभी सदस्यों की सर्वसम्मति से अरुण कुमार प्रजापति को लगातार छठवीं बार निर्विरोध जिला अध्यक्ष चुना गया। इसके अलावा अवनीश त्रिपाठी मंत्री, अरुण कुमार उपाध्यक्ष, अश्वनी मिश्रा संयुक्त मंत्री, अरविंद चौधरी कोषाध्यक्ष तथा अमित यादव ऑडिटर पद पर निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए।

संगठन विस्तार के तहत रमेश चंद, राजेश कुमार एवं देवेंद्र प्रताप को संरक्षक तथा अरुण कुमार पांडे को संगठन मंत्री नामित किया गया।

अधिवेशन में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद सिद्धार्थनगर के अध्यक्ष अनिल सिंह एवं कोषाध्यक्ष महेश्वर पांडेय भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। संघ की ओर से उनका भी माल्यार्पण एवं अंगवस्त्र देकर सम्मान किया गया।

चुनाव संपन्न होने के बाद सभी पदाधिकारियों और सदस्यों ने “कर्मचारी एकता जिंदाबाद” के नारों के साथ विकासखंड क्षेत्र का भ्रमण कर संगठन की एकजुटता का प्रदर्शन किया।

नवनिर्वाचित जिला अध्यक्ष अरुण कुमार प्रजापति ने सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि साथियों द्वारा दिए गए विश्वास और समर्थन के लिए वह सदैव ऋणी रहेंगे तथा कर्मचारियों की आवाज को मजबूती से उठाने का कार्य करते रहेंगे।

वहीं राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष अनिल सिंह ने कहा कि पशुधन प्रसार अधिकारी संघ परिषद का महत्वपूर्ण घटक संगठन है और कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए परिषद हर संभव प्रयास करेगा।

कार्यक्रम में बृज किशोर गुप्ता, शशांक प्रभाकर चौधरी, अनिल साहनी, शैलेंद्र यादव, शैलेंद्र द्विवेदी, अखिलेश साहनी, जयराम यादव समेत जनपद भर के अनेक कर्मचारी एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।

 

सांसद कार्यालय पर हुआ डिजिटल जनगणना जागरूकता कार्यक्रम

सिद्धार्थनगर। देश की 16वीं जनगणना को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। पहली बार पूरी तरह डिजिटल माध्यम से होने जा रही जनगणना को लेकर सिद्धार्थनगर में जागरूकता अभियान शुरू कर दिया गया है। इसी क्रम में डुमरियागंज सांसद जगदंबिका पाल के सिद्धार्थनगर मुख्यालय स्थित आवास एवं कार्यालय पर स्वयं जनगणना जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

Screenshot 20260507 084747

कार्यक्रम में उप जिलाधिकारी सदर कल्याण सिंह मौर्य, जिला जनगणना अधिकारी नागेंद्र यादव तथा नगर पालिका परिषद सिद्धार्थनगर के अधिशासी अधिकारी अजय कुमार सिंह की मौजूदगी में सांसद जगदंबिका पाल ने अपने परिवार का पूरा विवरण डिजिटल माध्यम से दर्ज कराया तथा जनगणना आईडी प्राप्त की।

इस अवसर पर सांसद ने कहा कि कोविड महामारी के बाद लगभग 15 वर्षों के अंतराल पर देश में जनगणना प्रक्रिया प्रारंभ हो रही है। उन्होंने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि अधिक से अधिक लोग स्वयं अपने मोबाइल फोन के माध्यम से पंजीकरण कर इस राष्ट्रीय अभियान को सफल बनाएं। उन्होंने कहा कि यह देश की पहली पूर्ण डिजिटल जनगणना होगी और आगामी चरणों में जातिगत आंकड़ों का भी समावेश किया जाएगा।

अधिकारियों ने जानकारी दी कि भारत की 16वीं जनगणना का पहला चरण 1 अप्रैल 2026 से शुरू होकर सितंबर 2026 तक चलेगा। यह प्रक्रिया दो चरणों—हाउस लिस्टिंग एवं जनगणना—में संपन्न होगी। डिजिटल व्यवस्था के माध्यम से आंकड़ों का संग्रहण अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से किया जाएगा।

कार्यक्रम में सांसद प्रतिनिधि एसपी अग्रवाल, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष जाहिर सिद्दीकी, सभासद अखंड प्रताप सिंह, रिंकू पाल सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

error: कोई भी कंटेंट कॉपी न करें, नहीं तो आप पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है।